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कंप्यूटर नेटवर्क क्या है?

What is Computer Network?

कंप्यूटर और इन्टरनेट की दुनिया इतनी बड़ी है कि इनके बारे में जितना जानने की कोशिश करेंगे उतना कम है। लेकिन फिर भी कई चीज़ों को अगर समझ लिया जाये तो आगे की कई अन्य चीज़ों को समझना आसान हो जाता है। वैसे आज हम यहाँ जानेंगे कंप्यूटर नेटवर्क के बारे में जैसे कंप्यूटर नेटवर्क क्या है, कंप्यूटर नेटवर्क का इतिहास क्या है,कंप्यूटर नेटवर्क के प्रकार क्या हैं और कंप्यूटर नेटवर्क से क्या लाभ हैं और इससे क्या हानि हैं।

  • कंप्यूटर नेटवर्क क्या है? || What is Computer Network:

जब दो या दो से अधिक डिवाइस को कम्युनिकेशन या फिर डाटा को शेयर करने के लिए किसी माध्यम से जोड़ा जाता है उसे नेटवर्क कहते हैं और जब वह डिवाइस कंप्यूटर हो तो उसे कंप्यूटर नेटवर्क कहा जाता है। मीडियम या माध्यम वायर और बिना वायर का कैसा भी हो सकता है। इसके बारे में हम विस्तार से जानेंगे। वैसे अगर वायर मीडियम के नाम अगर आपको बताएं तो वे हैं Twisted Pair Cable, Coaxial Cable, Fiber Optics Cable और अगर वायरलेस मीडियम की बात की जाये तो वे हैं Radio Wave, Bluetooth, Infrared Satellite।

  • इसमें कुछ नेटवर्क डिवाइस होती हैं जो नेटवर्क का प्रयोग करती हैं जैसे:
  1. Desktop Computer, Laptop, Mainframe and Server
  2. Console and thin Client
  3. Firewall
  4. Bridges
  5. Repeaters
  6. Network Interface Card
  7. Switches, Modem and Router
  8. Smartphone and Tablet
  9. Webcam
  • कंप्यूटर नेटवर्क का इतिहास || History of Computer Network:

अगर नेटवर्क की बात करें तो 1970 में पूर्ण रूप से नेटवर्क की खोज हो चुकी थी और सन 1973 में ARPNET के द्वारा अमेरिका और नॉर्वे को आपस में जोड़ा गया था। यह सबसे बड़ी और पहली सफल उपलब्धि कंप्यूटर नेटवर्क की रही। 1995 तक नेटवर्क का काफी विकास हुआ और Ethernet का उपयोग होने लगा जिसे LAN के नाम से जाना जाता है तब इन्टरनेट की स्पीड 10 mbps से बढ़कर 100 mbps हुई, यह भी एक सफल खोज रही। फिर धीरे-धीरे इसका विस्तार हुआ और आज आप देख ही रहे हैं कि कंप्यूटर नेटवर्क और इन्टरनेट से सारी दुनिया आपस में कैसे जुडी हुई है।

  • कंप्यूटर नेटवर्क के प्रकार || Types of Computer Network:
  1. LAN (Local Area Network)
  2. MAN (Metropolitan Area Network)
  3. WAN (Wide Area Network)

LAN (Local Area Network):

जो लोग इंजीनियरिंग के क्षेत्र से जुड़े हैं वे इस शब्द से काफी अच्छे से वाकिफ होंगे। लेकिन जो कंप्यूटर नेटवर्क के या कंप्यूटर के क्षेत्र में नए हैं उनके लिए ये शब्द नया हो सकता है। वैसे इसे समझना आसान है। तो कंप्यूटर नेटवर्क में LAN का पूरा नाम है Local Area Network। जब दो या दो से अधिक कंप्यूटर को किसी छोटे क्षेत्र के लिए आपस में नेटवर्क के द्वारा जोड़ा जाता है तो वह Local Area Network कहलाता है। उदहारण के लिए जैसे कोई ऑफिस, या कॉलेज या कार्यालय या घर में लगा हुआ नेटवर्क लोकल एरिया नेटवर्क (Local Area Network) कहलाता है।

MAN (Metropolitan Area Network):

MAN (Metropolitan Area Network) एक ऐसा नेटवर्क होता है जिसके स्पीड काफ़ी अच्छी होती है और यह 75 किलो मीटर तक की दूरी तक डाटा को काफी अच्छी स्पीड में शेयर कर सकता है। यह LAN और WAN के बीच का नेटवर्क होता है जो एक शहर में कार्य करता है और एक शहर के नेटवर्क को दूसरे शहर के नेटवर्क से जोड़ता है।

WAN (Wide Area Network):

WAN (Wide Area Network) यह एक बहुत ही बड़ा नेटवर्क है जिसने पूरी दुनिया को आपस में जोड़ कर रखा हुआ है यह केवल एक शहर या एक बिल्डिंग तक ही सीमित नहीं होता बल्कि यह पूरे विश्व में फैला हुआ होता है। इसको मेन्टेन करने के लिए लीज्ड लाइन और स्विच सर्किट का उपयोग किया जाता है। इसका सबसे बड़ा उदहारण है ATM

तो ये थे कंप्यूटर नेटवर्क के मुख्य प्रकार। और ये प्रकार कंप्यूटर नेटवर्क का मुख्य हिस्सा है जिनपर पूरा नेटवर्क आधारित है तो नेटवर्क को समझने के लिए इन्हें समझना जरुरी है। इनको हम अपने आगे के आर्टिकल में विस्तार से समझायेंगे।

  • कंप्यूटर नेटवर्क के लाभ और हानि || Advantages and Disadvantages of Computer Network:
S. No. Advantages of Computer Network Disadvantages of Computer Network
1. जब डाटा को एक जगह से दूसरी जगह शेयर किया जाता है तो उसमें समय बहुत कम लगता है कुछ ही सेकंड में डाटा शेयरिंग हो जाती है। जब कभी किसी वजह से किसी कनेक्शन लाइन में दिक्कत आती है तो कई बार कुछ दिन के लिए ये सेवाएं पूरी तरह से बंद कर दी जाती हैं। जैसे बारिश के समय इस प्रकार की परेशानियाँ अधिक होती हैं।
2. कई कंप्यूटर एक साथ कार्य करते हैं और आपस में जुड़ते हैं तो इससे लागत कम लगती है। वैसे तो यह एक सिक्योर नेटवर्क है लेकिन फिर भी इसमें हैकिंग का डर रहता है क्योंकि Unethical Hackers डाटा को नुकसान पहुँचाने का प्रयास करते हैं।
3. कम्युनिकेशन के यह सबसे अच्छा तरीका है और फ़ास्ट तरीका भी है। कभी-कभी हमारी गलती से ही डाटा गलत जगह भी शेयर हो जाता है जिसे रिकवर करना मुश्किल होता है।
4. डाटा करप्शन की उम्मीद कम होती है डाटा सिक्योर भी रहता है। सिक्यूरिटी में कभी-कभी इशू होता है।

 

तो ये थे कंप्यूटर नेटवर्क के लाभ और हानि। कंप्यूटर नेटवर्क को कुछ शब्दों में समझना और समझाना बहुत मुश्किल है। और इसको समझने से ज्यादा इसका प्रैक्टिकल करना ज्यादा जरुरी है जिससे इसे बेहतर तरीके से समझा जा सकता है वैसे हम अपने आगे के आर्टिकलस में कंप्यूटर नेटवर्क के बारे में और भी जानकारी देंगे जैसे इसके मॉडल्स के बारे में आपको बताएँगे, मॉडेम, राऊटर के बारे में बताएँगे और भी कई जरुरी जानकारी आपको देंगे। अगर आपको किसी टॉपिक में दिक्कत है या आप हिंदी में किसी कंप्यूटर सब्जेक्ट के बारे में जानकारी चाहते हैं तो हमें कमेंट में बताएं हम उसके बारे में आपको जानकारी जरुर देंगे।



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